ग्वालियर | ग्वालियर के गिरवाई थाना क्षेत्र में जमीन विवाद को लेकर जेसीबी से कॉलोनी की पक्की बाउंड्री तोड़ने का मामला सामने आया है। आरोप भाजपा पार्षद जीतेंद्र मुदगल, प्रदेश कार्यसमिति सदस्य किशन मुदगल और सत्यम बिल्डर राधारमन शर्मा पर है। कॉलोनाइजर विजय अग्रवाल की शिकायत पर पुलिस ने केस दर्ज किया है। पूरी घटना कॉलोनी में लगे CCTV कैमरों में रिकॉर्ड हुई है। आरोपियों ने रोकने पर गाली गलौज और जान से मारने की धमकी भी दी। वही पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।
जानें पूरा मामल
दअरसल शहर के गणपति विहार कॉलोनी हजीरा में रहने वाले फरियादी विजय अग्रवाल ने पुलिस को बताया कि उनकी पत्नी वर्षा अग्रवाल और सहयोगी अनिल शिवहरे कॉलोनाइजर हैं। अनिल के पास विधिवत लाइसेंस है। करीब डेढ़ साल पहले उन्होंने गिरवाई थाना क्षेत्र के गोकुलपुर गांव के सामने एबी रोड किनारे लगभग सात बीघा जमीन खरीदी थी। नगर निगम और टीएनसीपी से अनुमति लेकर कॉलोनी विकसित की जा रही है। जमीन का सीमांकन कराने के बाद चारों ओर से पक्की बाउंड्रीवाल बनवाई थी। जमीन की देखरेख चौकीदार उमेश वासुदेव ठाकरे करता है और कॉलोनी का काम मोनू कुशवाह देखता है। 8 अप्रैल के दिन चौकीदार ने फोन कर विजय को बताया कि पड़ोसी किशन मुदगल, उनका बेटा जितेंद्र मुदगल और सत्यम बिल्डर राधारमन शर्मा व अन्य लोग ने जेसीबी से बाउंड्री तोड़ रहे हैं। रोका तो गालियां दीं और मारपीट की। वह मौके पर पहुंचे तो किशन मुदगल, जीतेंद्र मुदगल और राधारमन शर्मा कई लोगों के साथ गालियां दे रहे थे। जान से मारने की धमकी भी दी।
फरियादी विजय की जमीन के बगल में दक्षिण दिशा में जीतेंद्र और किशन मुदगल की जमीन है। फरियादी का कहना है कि आपस में बैठकर समाधान निकालना चाहते थे। लेकिन आरोपी मानने को तैयार नहीं हुए और आरोपियों ने कहा कि जहां जाना है चले जाओ, यह जमीन जबरन लेकर रहेंगे। कॉलोनी नहीं बनाने देंगे। थाने में रिपोर्ट की तो जान से मार देंगे। इसके बाद सभी लोग जेसीबी मशीन लेकर वह से चले गए। इसके बाद उन्होंने थाने पहुंचकर इस घटना की शिकायत की। साथ ही घटना के सीसीटीवी फुटेज भी पुलिस को दिए।
पुलिस ने CCTV रिकॉर्डिंग और जांच पड़ताल के बाद भाजपा पार्षद जीतेंद्र मुदगल, प्रदेश कार्यसमिति सदस्य किशन मुदगल, राधारमन शर्मा और अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है और आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।