दिग्गज अभिनेता धर्मेंद्र के निधन के बाद उनसे जुड़ी कई यादें और किस्से सामने आ रहे हैं। इसी क्रम में दिल्ली में आयोजित प्रार्थना सभा के दौरान उनकी पत्नी और सिनेमा की ड्रीमगर्ल हेमा मालिनी ने अभिनेता की आखिरी इच्छा का दर्दभरा राज दुनिया के सामने रखा। इस प्रेयर मीट में देश के गृहमंत्री अमित शाह, राजनीतिक हस्तियाँ और सिनेमा जगत के कई बड़े नाम शामिल हुए। कार्यक्रम का संचालन हेमा मालिनी ने अपनी बेटी और अभिनेत्री ऐशा देओल के साथ मिलकर किया।
24 नवंबर को 89 वर्ष की उम्र में धर्मेंद्र ने बढ़ती उम्र से जुड़ी स्वास्थ्य समस्याओं के चलते दुनिया को अलविदा कह दिया। उनकी मौत के साथ हिंदी सिनेमा का एक सुनहरा युग समाप्त हो गया। छह दशक तक फिल्मों में अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराने वाले धर्मेंद्र को श्रद्धांजलि देने के लिए 11 दिसंबर को दिल्ली में यह भावुक प्रार्थना सभा रखी गई।
सभा के दौरान हेमा मालिनी ने अपनी स्पीच में धर्मेंद्र की उस आखिरी इच्छा का उल्लेख किया, जिसे वह पूरा नहीं कर सके। उन्होंने बताया कि जीवन के अंतिम दिनों में धर्मेंद्र उर्दू शायरी लिखने में गहरी रुचि लेने लगे थे। शेर-ओ-शायरी का शौक उन्हें हमेशा से था, लेकिन इस बार उन्होंने इसे एक नए जुनून की तरह अपनाया था। हेमा ने उन्हें इन शायरियों को एक किताब के रूप में प्रकाशित करने की सलाह भी दी थी। धर्मेंद्र इस सुझाव से बेहद उत्साहित थे और इसे जल्द पूरा करना चाहते थे। लेकिन किस्मत ने साथ नहीं दिया और यह इच्छा अधूरी रह गई।
हेमा मालिनी ने भावुक होते हुए कहा कि धर्मेंद्र संग बिताया हर पल उनके जीवन की अनमोल याद है। इस मौके पर उपस्थित लोगों ने अभिनेता की आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की और उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।