NEET परीक्षा लीक मामले को लेकर छात्रा ने लगाई फांसी। हाल ही में हुई नीट पेपर लीक मामले में छात्रा को उम्मीद थी कि वह इस बार अच्छी अंक प्राप्त कर कर पास हो जाएगी, लेकिन जब उसने पता चला कि नीट पेपर लीक हो गया, उसके बाद छात्र डिप्रेशन का शिकार हो गई, डिप्रेशन में आकर उसने अपने माता-पिता को पत्र लिखकर अपनी जान गवा दी।
मध्य प्रदेश के नवगठित जिले के मऊगंज मगनिया गांव की रहने वाली आकांक्षा चतुर्वेदी ने नीट पेपर लीक मामले को लेकर उसे उम्मीद थी कि इस बार वह 650 अंक लाकर वह पास हो जाएगी। लेकिन इस बार उसकी उम्मीद टूट गई और उसने आज महाराष्ट्र के नागपुर में पंखे से फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली।
आकांक्षा ने आखरी पल में अपने माता-पिता के लिए पत्र भी लिखा जिसमें उसने बड़े ही भावुक होकर अपने माता-पिता को सॉरी बोला और आगे आकांक्षा ने कहा कि “आपका मुझ पर भरोसा था कि मेरी बेटी पढ़ने की और डॉक्टर बन जाएगी पर दोबारा नीट पेपर देने की हिम्मत नहीं है।” आकांक्षा के पत्र से साफ पता चल रहा है वह नीट पेपर लीक मामले को लेकर सदमे में आ गई थी। जिससे वह सोच – सोच कर सदमे में चली गई थी
आकांक्षा चतुर्वेदी साधारण परिवार से है जिसके पिता किसी करते हैं उसके माता-पिता बड़े ही मेहनत से अपनी बेटी को पढ़ रहे थे सूचना के मुताबिक पता चला है कि पिता ने बेटी को पढ़ाने के लिए क्रेडिट कार्ड से ₹300000 का लोन लिया था इस लोन से अपनी बेटी को पढ़ा रहे थे और साथ ही नागपुर में मौजूद कोचिंग में कंपटीशन की तैयारी भी करा रहे थे लेकिन नीट पेपर लीक मामले ने आकांक्षा के साथ-साथ कई बच्चों की जिंदगी के साथ खिलवाड़ किया है और साथ ही उनके भविष्य के करियर को बर्बाद कर दिया है।

