अमेरिका–इजरायल–ईरान जंग ने कच्चे तेल की कीमत 126 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गई है। ताजा आंकड़ों की माने तो ब्रेंट क्रूड की कीमत लगभग 126.31 डॉलर प्रति बैरल तक चली गई है, जो मार्च 2022 की बाद अपने सबसे ऊंचे स्तर पर पहुंच रहा है। मौजूदा दाम इस समय तकरीबन 125$ पार्टी बैरल है। BBC के अनुसार अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प को इस हमले से जुड़ी हुई ब्रीफिंग दी जाएगी। हालांकि स्टॉक सेंटकॉम ने ईरान के खिलाफ
‘छोटे लेकिन ताकतवर हमलों’ की तैयारी कर ली है। इसका मतलब साफ तौर पर यही है कि इस युद्ध को लंबा खींच कर ईरान को बातचीत के लिए दबाया जा सके और उससे अपनी शर्तें मनवाई जा सके। जैसे ही यह खबर बाहर आई, वैसे ही कच्चे तेल के दामों में तेजी आ गई है। दूसरी और ईरानी संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बाघेर गालीबाफ ने तेल के बढ़ती कीमतों पर तंज कसते हुए ये कहा के अगला पड़ाव डॉलर 140 होने जा रहा है, उन्होंने ये भी कहा कि ट्रम्प के लोग उन्हें बेकार की सलाह दे रहे हैं। उन्होंने अमेरिकी वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट का भी मजाक उड़ाते हुए कहा कि उन्हीं की सलाह की वजह से तेल की कीमतें बढ़ रही हैं उन्हीं वजह से तेल की कीमतों ने इजाफा हो रहा है।
इस जंग में अब तक क्या–क्या हुआ
- अभी तक इस जंग में पिछले 2 महीनों में अमेरिका $25 अरब तक खर्च कर चुका है और है पहेली बार है जब अमेरिका ने इस बात की जानकारी साझा की है।
- ट्रम्प ने राइफल के साथ फोटो शेयर की और ईरान को चेतावनी दी उस फोटो में लिखा था– नो मोर मिस्टर नाइस गाइ जिसका मतलब है (में नर्मी नहीं बरतूंगा)
- ईरान ने UN में अमेरिका के खिलाफ शिकायत दर्ज की।
- लेबनान में 12 लाख की आबादी पर भुखमरी का खतरा मंडरा रहा है खाद्य संकट के चलते बढ़ रही भुखमरी।
- भारत और ईरानी मंत्रियों के बीच फोन पर हुई बातचीत विदेश मंत्री एस. जयशंकर और ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने युद्धविराम पर चर्चा की।