उमा भारती का बड़ा ऐलान: लाड़ली बहनों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए मिलें 2-2 गायें, झांसी से लड़ेंगी 2029 का लोकसभा चुनाव

Picture of By: Sandhya Samachar Team

By: Sandhya Samachar Team

Share

उमा भारती का बड़ा ऐलान: लाड़ली बहनों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए मिलें 2-2 गायें, झांसी से लड़ेंगी 2029 का लोकसभा चुनाव

भाई-बहन के स्नेह और वचन का प्रतीक पर्व भाई दूज है, और इसी बीच मध्य प्रदेश की लाड़ली बहनों के लिए बड़ी खबर सामने आई है। प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री और बीजेपी की वरिष्ठ नेत्री उमा भारती ने महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में अनोखी पहल की मांग रखी है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार को लाड़ली बहना योजना से जुड़ी सभी पात्र महिलाओं को 2-2 गायें दी जानी चाहिए, ताकि वे आर्थिक रूप से सशक्त बन सकें।

उमा भारती ने राजधानी भोपाल में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह प्रस्ताव रखा। उन्होंने कहा कि “लाड़ली बहनों को केवल 1500 रुपए देने से बात नहीं बनेगी। उन्हें इस स्थिति में लाना होगा कि वे सरकार को उल्टा मदद कर सकें। अगर प्रत्येक बहन को दो-दो गाय दी जाएं तो वे दूध और डेयरी व्यवसाय के जरिए आत्मनिर्भर हो सकती हैं।”

लाड़ली बहनों के लिए गाय योजना का सुझाव

उमा भारती ने बताया कि उन्होंने इस प्रस्ताव पर प्रदेश के पशुपालन मंत्री से भी बात की है। उनका कहना है कि अगर सरकार यह कदम उठाती है तो इससे न केवल महिलाओं को आर्थिक मजबूती मिलेगी बल्कि गौ-संवर्धन और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी बढ़ावा मिलेगा।

उन्होंने कहा, “लाड़ली बहनें अब आत्मनिर्भर बनेंगी, 1500 रुपए लेने की जगह वे सरकार को देने की स्थिति में आ जाएंगी। गाय से दूध, घी और खाद बनाकर महिलाएं अपने परिवार और समाज की आर्थिक स्थिति सुधार सकती हैं।”

गोपाष्टमी पर गौ संवर्धन अभियान का शुभारंभ

पूर्व मुख्यमंत्री ने यह भी घोषणा की कि गोपाष्टमी के पावन अवसर पर 29 अक्टूबर से गौ संवर्धन अभियान की शुरुआत की जाएगी। यह अभियान करीब डेढ़ साल तक चलेगा और इसमें प्रदेश के किसानों को भी जोड़ा जाएगा। उन्होंने कहा कि “यह केवल धार्मिक नहीं बल्कि आर्थिक और सामाजिक आंदोलन होगा। जब तक गायों की स्थिति सुधरेगी नहीं, तब तक गांवों की अर्थव्यवस्था भी मजबूत नहीं हो सकती।”

2029 लोकसभा चुनाव झांसी से लड़ने का ऐलान

प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान उमा भारती ने अपने राजनीतिक भविष्य को लेकर भी बड़ा ऐलान किया। उन्होंने कहा कि वह 2029 का लोकसभा चुनाव झांसी से ही लड़ेंगी। उन्होंने साफ कहा, “मैं अगर चुनाव लड़ूंगी तो झांसी से ही लड़ूंगी। पार्टी का जो भी निर्णय होगा, वह मेरे लिए शिरोधार्य होगा। अगर पार्टी कहेगी तो मना नहीं करूंगी।” उमा भारती ने अपने झांसी से जुड़ाव को भावनात्मक बताते हुए कहा कि “झांसी मेरी कर्मभूमि भी है और जनसेवा का प्रतीक भी। वहाँ की जनता ने हमेशा स्नेह दिया है।”

वन नेशन, वन इलेक्शन की वकालत

उमा भारती ने वन नेशन वन इलेक्शन (एक देश, एक चुनाव) की वकालत भी की। उन्होंने कहा कि देश में बार-बार चुनाव कराने से समय और संसाधनों की बर्बादी होती है।उन्होंने कहा, “यह व्यवस्था जल्द से जल्द लागू होनी चाहिए। अगर लोकसभा से लेकर स्थानीय निकाय तक के सभी चुनाव एक साथ 45 दिनों के भीतर हो जाएं तो यह देश के लिए बेहतर होगा। इससे विकास कार्यों में बाधा नहीं आएगी और प्रशासनिक स्थिरता भी बनी रहेगी।”