दीवाली पर आई थी 300 करोड़ की ‘मेगा डिजास्टर’ फिल्म: 3 सुपरस्टार्स के बावजूद 3 दिन में ठप हो गया बॉक्स ऑफिस

Picture of By: Sandhya Samachar Team

By: Sandhya Samachar Team

Share

दीवाली पर आई थी 300 करोड़ की ‘मेगा डिजास्टर’ फिल्म: 3 सुपरस्टार्स के बावजूद 3 दिन में ठप हो गया बॉक्स ऑफिस

दीवाली बॉलीवुड के लिए हमेशा बड़ा मौका माना जाता है। इस दिन रिलीज होने वाली फिल्में आमतौर पर बॉक्स ऑफिस पर धमाल मचाती हैं। लेकिन साल 2018 की दीवाली पर कुछ ऐसा हुआ जिसने सबको हैरान कर दिया। 8 नवंबर 2018 को रिलीज हुई ‘ठग्स ऑफ हिंदोस्तान (Thugs of Hindostan)’ — एक ऐसी फिल्म थी जिस पर पूरे 300 करोड़ रुपये की लागत आई थी और जिसमें एक या दो नहीं बल्कि तीन बड़े सुपरस्टार्स – अमिताभ बच्चन, आमिर खान और कैटरीना कैफ ने काम किया था। फिल्म से दर्शकों को बड़ी उम्मीदें थीं, लेकिन रिलीज के कुछ ही दिनों में यह बॉलीवुड की सबसे बड़ी फ्लॉप फिल्मों में शुमार हो गई।

52 करोड़ की रिकॉर्ड ओपनिंग लेकिन तीसरे दिन पसरा सन्नाटा

फिल्म ने दीवाली के दिन 52 करोड़ रुपये की ओपनिंग की थी — जो उस वक्त तक बॉलीवुड की सबसे बड़ी ओपनिंग में से एक थी। शुरुआती उत्साह देखकर लग रहा था कि फिल्म सभी रिकॉर्ड तोड़ देगी, लेकिन तीसरे दिन तक थिएटर्स खाली पड़ गए। दर्शकों और समीक्षकों से फिल्म को निगेटिव रिव्यूज़ मिले। कमजोर कहानी, लंबाई और असंतुलित निर्देशन के चलते फिल्म का बुरा हाल हुआ।

इतिहास पर आधारित मेगा बजट ड्रामा

‘ठग्स ऑफ हिंदोस्तान’ को विजय कृष्णा आचार्य ने डायरेक्ट किया था और यशराज फिल्म्स ने इसे प्रोड्यूस किया था। फिल्म की कहानी 18वीं सदी के भारत में ब्रिटिश शासन और विद्रोह के इर्द-गिर्द घूमती है। इसमें अमिताभ बच्चन ने आज़ादी के लिए लड़ने वाले योद्धा ‘खुदाबख्श’ का किरदार निभाया था, जबकि आमिर खान एक चालाक ठग ‘फिरंगी मल्लाह’ के रोल में दिखे थे। बड़े सेट, हाई-लेवल वीएफएक्स और एक्शन सीक्वेंस के बावजूद फिल्म दर्शकों से जुड़ नहीं पाई।

300 करोड़ में बनी, लेकिन फ्लॉप का टैग मिला

फिल्म का बजट करीब 300 करोड़ रुपये था। इसके बावजूद भारत में फिल्म ने सिर्फ 151 करोड़ रुपये की कमाई की, जबकि वर्ल्डवाइड 327 करोड़ रुपये का ग्रॉस कलेक्शन हुआ। इतना बड़ा कलेक्शन होने के बावजूद, लागत और उम्मीदों के मुकाबले यह फिल्म एक डिजास्टर साबित हुई।

Also Read

आमिर खान ने खुद माना – “यह एक डिजास्टर थी”

फिल्म की नाकामी पर आमिर खान ने बाद में खुलकर बात की थी। उन्होंने कहा था, “मूल ‘ठग्स ऑफ हिंदोस्तान’ की स्क्रिप्ट जिस पर मैंने हां की थी, वह कभी नहीं बनी। इसमें लगातार बदलाव होते रहे। आम तौर पर मैं ऐसा नहीं करता, लेकिन मैंने इस बार विक्टर (निर्देशक) और आदि (निर्माता) पर भरोसा किया। फिल्म देखने के बाद मुझे लगा कि यह पूरी तरह डिजास्टर है। मैंने आदि से कहा – ‘पिक्चर पानी तक नहीं मांगेगी।’” आमिर के इस बयान से यह साफ झलकता है कि उन्हें भी फिल्म की दिशा को लेकर निराशा थी।

फैंस को लगा था ‘पाइरेट्स ऑफ द कैरेबियन’ जैसा मजा, लेकिन मिला निराशा

फिल्म का ट्रेलर और पोस्टर देखकर दर्शकों को लगा था कि यह भारत का संस्करण होगा ‘पाइरेट्स ऑफ द कैरेबियन’ का, लेकिन कमजोर स्क्रिप्ट और ओवरड्रामा ने उम्मीदों पर पानी फेर दिया। कैटरीना कैफ का रोल बेहद छोटा था और अमिताभ-आमिर की जोड़ी भी स्क्रीन पर प्रभाव नहीं छोड़ सकी।

नतीजा – भव्य बजट, भव्य कास्ट, लेकिन ढह गई उम्मीदें

‘ठग्स ऑफ हिंदोस्तान’ इस बात की मिसाल बन गई कि केवल स्टारकास्ट और पैसा ही सफलता की गारंटी नहीं होते। फिल्म ने यह साबित किया कि दर्शक अब केवल ग्लैमर नहीं, बल्कि मजबूत कहानी और कंटेंट की तलाश में हैं।

Top Stories
Related Post