बजट 2026 को लेकर देशभर में चर्चाएं चल रही हैं। लोगों को 2026 के बजट से बहुत उम्मीद है वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 1 फरवरी 2026 को बजट पेश करेंगी, यह उनका लगातार 9 वां बजट पेश होगा।
पूर्व में सरकार द्वारा प्रस्तुत 2025-26 का बजट सबका विकास लक्ष्य के साथ संतुलित था, जिसमें सभी क्षेत्रो के विकास को ध्यान में रखा गया था। सरकार ने विकास के चार इंजनों कृषि, सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम निवेश और निर्यात पर केंद्रित बजट प्रस्तुत किया था।
पिछली बार प्रस्तुत बजट में टीडीएस रेट में बढ़ोतरी, कर रिटर्न की समय सीमा में वृद्धि प्रमुख थे। कुल मिलाकर पिछली बार प्रस्तुत बजट में भारत को वैश्वीक रूप से प्रतिस्पर्धा व आर्थिक रूप से सशक्त राष्ट्रा बनाने की ओर अग्रसर नजरिए को दर्शाता था।
इस बार 2026 के बजट की अपेक्षाएं हैं
इस साल के बजट में मिडिल क्लास को टैक्स राहत की सबसे ज्यादा उम्मीद है, जैसे न्यू टैक्स रिजीम में हेल्थ इंश्योरेंस डिडक्शन और पुरानी टैक्स रिजीम खत्म होने की उम्मीद हैं, किसानों के लिए PM-KISAN किस्त 6,000 से बढ़कर 9,000 रुपये होने की उम्मीद है।
इंफ्रास्ट्रक्चर पर कैपेक्स 12% बढ़ाने की मांग है लेकिन क्या होता है वो तो 1 फरवरी को ही पता चलेगा। ड्रोन हब के लिए 10,000 करोड़ की स्कीम और PM सूर्य घर योजना में सोलर सब्सिडी बढ़ोतरी हो सकती है। MSME के लिए जीएसटी राहत मिल सकती हैं और कस्टम्स में पारदर्शिता जैसे बदलाव की उम्मीद है। तंबाकू-सिगरेट के दाम में बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है।
शिक्षा-स्वास्थ्य पर फोकस होगा, 600 सड़कों का पुनर्निर्माण पर बात हो सकती है मल्टी-लेवल पार्किंग प्लान पर कुछ हो सकता है। पंजाब में महिलाओं को 1,000 रुपये मासिक देने की घोषणा हो सकती है।
अब देखना होगा कि भारत में रहने वाले एक आम आदमी को सरकार द्वारा एक फरवरी को संसद में पेश होने वाले 2026-27 बजट में कितनी और किस हद तक राहत मिलती है।