मुंबई: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मुंबई में CEO फोरम को संबोधित करते हुए कहा कि भारत-यूके संबंधों में इस वर्ष महत्वपूर्ण स्थिरता देखने को मिली है। मोदी ने बताया कि जुलाई 2025 में यूके की यात्रा के दौरान भारत और यूके ने ऐतिहासिक व्यापक आर्थिक और व्यापार समझौता (CETA) पर सहमति बनाई, जो दोनों देशों के आर्थिक रिश्तों में एक नया अध्याय खोलने वाला है।
प्रधानमंत्री ने यूके के प्रधानमंत्री स्टारमर के योगदान और प्रतिबद्धता की सराहना करते हुए कहा, “इस ऐतिहासिक उपलब्धि के लिए मैं अपने मित्र, प्रधानमंत्री स्टारमर, का हृदय से आभार व्यक्त करता हूँ।”
CEO फोरम में मोदी का संदेश: बिजनेस लीडर्स के प्रयासों से मजबूत हुआ भारत-यूके साझेदारी का स्तंभ
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि बीते वर्षों में CEO फोरम के जरिए बिजनेस लीडर्स ने भारत-यूके स्टैटिक्स पार्टनरशिप को मजबूती दी है। उन्होंने फोरम के सदस्यों को संबोधित करते हुए कहा कि उनके विचार और सुझाव नैचुरल पार्टनर्स के रूप में भारत और यूके के भविष्य के लिए मार्गदर्शक होंगे।
मोदी ने आगे कहा:
“अभी आपके विचारों को सुनकर मेरा विश्वास और भी गहरा हुआ है कि हम नैचुरल पार्टनर्स के रूप में और आगे बढ़ेंगे।”
विशेष बातें
- भारत और यूके के बीच CETA समझौता व्यापार और निवेश के क्षेत्र में ऐतिहासिक मील का पत्थर।
- CEO फोरम के माध्यम से व्यवसायिक दृष्टिकोण और नीति निर्माण में सहयोग बढ़ा।
- प्रधानमंत्री ने दोनों देशों के संबंधों को मजबूती देने में निजी नेतृत्व और प्रतिबद्धता का महत्व बताया।
इस फोरम ने न केवल आर्थिक साझेदारी को आगे बढ़ाया, बल्कि दोनों देशों के वाणिज्यिक और राजनीतिक रिश्तों में स्थिरता का संदेश भी दिया।