केन्द्रीय संचार एवं पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने अपने मध्य प्रदेश 4 दिवसीय प्रवास के पहले दिन भोपाल मे प्रख्यात स्वतंत्रता सेनानी एवं आयुर्वेद भूषण स्व. पं. उद्धवदास मेहता ‘भाईजी’ की स्मृति में विशेष स्मृति डाक टिकट का विमोचन किया। इस अवसर पर कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि भाई जी ने 1934 में प्रजा पुकार पत्र के माध्यम से दमनकारी शक्तियों के खिलाफ अपनी आवाज को बुलंद किया था। आज उनका सम्मान किया जा रहा है। इस अवसर पर उन्होंने भाजपा सरकार की उपलब्धियों को भी रेखांकित किया। इस अवसर पर मध्य प्रांत संघचालक अशोक पांडे, भोपाल सांसद आलोक शर्मा,वरिष्ठ कार्यकर्ता एवं अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
सिंधिया ने क्या कहा ?
इस अवसर पर केन्द्रीय मंत्री ने कहा कि पं. उद्धवदास मेहता ‘भाईजी’ का जीवन साहस, स्वाभिमान और राष्ट्रसेवा का जीवंत उदाहरण है। उन्होंने स्मरण कराया कि 1934 में भोपाल के नवाबी शासन के दमन के विरुद्ध भाईजी ने ‘प्रजा पुकार’ पत्र के माध्यम से जनता की आवाज बुलंद की। सत्ता के प्रलोभनों को ठुकराकर उन्होंने जेल की यातनाएँ सहीं, पर अन्याय के आगे कभी नहीं झुके। वे भारतीय जनसंघ के प्रारंभिक स्तंभों में से एक थे, जिन्होंने राष्ट्रवाद की अलख जगाई।
केन्द्रीय मंत्री सिंधीया ने आगे कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में ‘अमृत काल’ में देश के उन गुमनाम नायकों को उनका उचित स्थान दिया जा रहा है, जिनकी भूमिका स्वतंत्रता संग्राम और राष्ट्रनिर्माण में ऐतिहासिक रही है। भाईजी को समर्पित यह डाक टिकट उसी राष्ट्रीय कृतज्ञता का प्रतीक है।
अपने संबोधन के समापन में केंद्रीय मंत्री ने सभी उपस्थित अतिथियों से विकसित भारत के यज्ञ में आहुति देने का आह्वान करते हुए कहा की आज भारत प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में अमृत काल से शताब्दी काल की और अग्रसर हो चुका है। यह संकल्प तभी साकार होगा, जब देश का हर नागरिक अपना योगदान देगा।