फुटपाथ विक्रेताओं के लिए बड़ी राहत: पीएम स्वनिधि योजना मार्च 2030 तक बढ़ी, अब मिलेगा ₹90,000 तक कार्यशील पूंजी ऋण

Picture of By: Sandhya Samachar Team

By: Sandhya Samachar Team

Share

फुटपाथ विक्रेताओं के लिए बड़ी राहत: पीएम स्वनिधि योजना मार्च 2030 तक बढ़ी, अब मिलेगा ₹90,000 तक कार्यशील पूंजी ऋण

फुटपाथ और रेहड़ी-पटरी पर कारोबार करने वाले छोटे विक्रेताओं के लिए राहत की बड़ी खबर सामने आई है। भारत सरकार के आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय ने प्रधानमंत्री स्ट्रीट वेंडर आत्मनिर्भर निधि (पीएम स्वनिधि) योजना को मार्च 2030 तक बढ़ा दिया है। योजना के द्वितीय चरण के तहत 17 सितंबर से 2 अक्टूबर 2025 तक विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में बगहा नगर परिषद परिसर में ‘लोक कल्याण मेला’ का आयोजन किया गया, जहां बड़ी संख्या में फुटपाथ विक्रेता शामिल हुए।

कोरोना काल में शुरू हुई थी योजना

नगर मिशन प्रबंधक विनोद कुमार सिंह ने जानकारी दी कि यह योजना वर्ष 2020 में कोरोना लॉकडाउन के बाद शुरू की गई थी। उस समय लाखों छोटे विक्रेताओं का कारोबार ठप हो गया था। उनकी रोज़ी-रोटी को पुनर्जीवित करने और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के लिए इस योजना की शुरुआत की गई।

पहले चरण में 50,000 रुपये तक ऋण

Also Read

योजना के पहले चरण में लाभार्थियों को 10,000, 20,000 और 50,000 रुपये तक की तीन किस्तों में कार्यशील पूंजी ऋण दिया गया था। इसने लाखों वेंडरों को छोटे स्तर पर कारोबार दोबारा खड़ा करने में मदद की।

दूसरे चरण में बढ़ी किस्तें — अब ₹90,000 तक लाभ

अब योजना के दूसरे फेज में नए लाभुकों के लिए ऋण राशि को बढ़ाया गया है।

  • पहली किस्त – ₹15,000
  • दूसरी किस्त – ₹25,000
  • तीसरी किस्त – ₹50,000

यानी अब एक लाभुक को अधिकतम ₹90,000 तक का कार्यशील पूंजी ऋण उपलब्ध होगा।

लोक कल्याण मेला में हुआ विस्तार कार्यक्रम

कार्यक्रम का शुभारंभ नगर परिषद की सभापति पुष्पा गुप्ता, उपसभापति रश्मि रंजन और अग्रणी जिला प्रबंधक सतीश कुमार सिंह ने दीप प्रज्वलित कर किया। मौके पर मौजूद बैंक प्रतिनिधियों और नगर परिषद के अधिकारियों को लाभुकों की फ़ाइलों की समीक्षा कर त्वरित निष्पादन के निर्देश दिए गए।

वेंडरों को अपील – समय पर चुकाएं ऋण

सभापति पुष्पा गुप्ता ने वेंडरों से इस योजना का लाभ उठाने और समय पर ऋण चुकाने की अपील की। वहीं, उपसभापति रश्मि रंजन ने बताया कि ‘स्वनिधि से समृद्धि’ केवल नारा नहीं, बल्कि वेंडरों के जीवन स्तर को बदलने का माध्यम है।

225 से अधिक वेंडरों ने लिया हिस्सा

लोक कल्याण मेला में नगर क्षेत्र के करीब 225 फुटपाथ विक्रेताओं ने भाग लिया। इस अवसर पर सामुदायिक संगठक प्रियंका द्विवेदी और अन्य संसाधन व्यक्तियों ने सक्रिय भूमिका निभाई। इसके अलावा विभिन्न बैंकों के शाखा प्रबंधक और नगर परिषद के कर्मचारी भी उपस्थित रहे।

योजना का लाभ – व्यवसाय में मजबूती

विशेषज्ञों का मानना है कि इस योजना से न केवल वेंडरों का कारोबार मजबूत होगा, बल्कि स्थानीय स्तर पर रोजगार और आर्थिक गतिविधियों को भी प्रोत्साहन मिलेगा। सरकार का लक्ष्य है कि 2030 तक कोई भी स्ट्रीट वेंडर आर्थिक रूप से कमजोर न रहे और आत्मनिर्भर बन सके।

Top Stories
Related Post