ग्वालियर की क्राइम ब्रांच पुलिस ने सरकारी विभागों और कंपनियों में लग्जरी वाहन किराए पर लगाने का झांसा देकर गाड़ी हड़पने वाले मास्टरमाइंड हिमाचल शर्मा को जयपुर से गिरफ्तार कर लिया है।
आरोपी ने 40 वाहन मालिको के साथ 4 करोड़ से अधिक की ठगी की है। आरोपी वाहन मालिकों से बड़े सरकारी विभागों में गाड़ी लगवाने के झांसा देता था और अनुबंध कर शुरुआत में एक दो महीने किराया देता था। इसके बाद वाहन गायब कर देता था। न तो वाहन मालिको को किराया मिला और न ही वाहन वापस मिले। शातिर आरोपी 9 साल पहले सब इंस्पेक्टर की वर्दी में भी पकड़ा जा चुका है।
श्योपुर जिले में रहमें वाले संजय धाकड़ ने ग्वालियर क्राइम ब्रांच थाने में आकर शिकायत की थी कि उसकी मुलाकात सिटी सेंटर स्थित पटेल नगर में रहने वाले हिमाचल शर्मा से हुई थी। हिमाचल ने खुद को सरकारी विभागों और कंपनियों में पहचान वाला बताते हुए वाहनों को किराए पर लगवाने का झांसा दिया था। उस पर भरोसा कर संजय ने अपना ट्रैक्टर 25 हजार रुपये प्रतिमाह किराए पर दे दिया था।इसके बाद उसके कुछ अन्य परिजन व साथियों ने भी अपने वाहन किराए पर लगा दिए। चार करोड़ कीमत से अधिक वाहन लेने के बाद आरोपी फरार हो गया।
काफी समय तक किराया और वाहन वापस नहीं मिले तो उससे संपर्क किया। लेकिन उससे संपर्क नहीं हो पाया तो वाहन मालिक संबंधित विभागों में पहुंचे। वहां पता चला कि वाहन अनुबंध पूरी तरह फर्जी है।
फरियादियों ने इसकी शिकायत क्राइम ब्रांच थाने पहुँचकर पुलिस से की। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए उसकी तलाश शुरू की। जब टीम को जयपुर में आरोपी की लोकेशन मिली तो टीम ने उसकी घेराबंदी कर जयपुर से उसे गिरफ्तार कर लिया। पुलिस का कहना है कि ठगी का धंधा इंटरस्टेट पर चल रहा था। आरोपी हिमाचल के अलावा ठगी के धंधे में और कई चेहरे भी सामने आ सकते है।