ग्वालियर में हुए नंदनी हत्याकांड ने पूरे शहर को हिला दिया है। आरोपी अरविंद परिहार ने अपनी पत्नी नंदनी को बीच सड़क पर गोलियों से भून दिया। इस वारदात के पीछे प्यार और धोखे की लंबी कहानी सामने आई है, जिसमें रिश्तों का जाल, अवैध संबंध और आपराधिक अतीत सबकुछ शामिल है।
सड़क पर चली गोलियां
शुक्रवार दोपहर रूप सिंह स्टेडियम रोड पर अरविंद ने नंदनी परिहार को गोली मार दी। घटना के समय नंदनी के साथ उसके दो बॉयफ्रेंड अंकुश पाठक और कल्लू पंचाल मौजूद थे, लेकिन जैसे ही अरविंद ने कट्टा ताना, दोनों मौके से भाग निकले। इसके बाद अरविंद ने नंदनी की हत्या कर दी।
रिश्तों की उलझी कहानी
- नंदनी अरविंद की तीसरी पत्नी थी, जबकि अरविंद उसका पांचवां रिश्ता।
- दोनों ने पहले से शादीशुदा होने के बावजूद आर्य समाज मंदिर में लव मैरिज की थी।
- पिछले कई महीनों से दोनों के बीच लगातार विवाद चल रहा था।
नंदनी का अतीत
- नंदनी मूल रूप से झांसी की रहने वाली थी और उसकी पहली शादी दतिया निवासी गोटीराम केवट से हुई थी।
- शादी के बाद उसके संबंध पति के दोस्त छोटू केवट, निमलेश सेन और फिरोज खान से बने।
- साल 2017 में नंदनी ने अपने चौथे प्रेमी के साथ मिलकर बॉयफ्रेंड निमलेश सेन की हत्या कर दी थी।
- इस मामले में उसे 4 साल 6 महीने जेल की सजा हुई और 2022 में वह जेल से बाहर आई।
- जेल से छूटने के बाद ग्वालियर आकर उसने ब्यूटी पार्लर खोला और यहीं उसकी मुलाकात अरविंद से हुई।
अंजाम
शादी के बाद झगड़े बढ़ते गए और आखिरकार अरविंद ने गुस्से में नंदनी को दिनदहाड़े गोली मार दी। इस हत्याकांड ने ग्वालियर में प्यार और धोखे की खौफनाक सच्चाई को उजागर कर दिया है।